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आर्थिक स्वतंत्रता एक बहुत बड़ी पूंजी है ताकि आपका बचा हुआ जीवन गौरव और सम्मान से व्यतीत हो सके: डीआईजी

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। प्पता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय किशोर सागर में दीपावली के शुभ अवसर पर संगम गौरवपूर्ण वृद्धावस्था एवं सम्मानित जीवन विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य बताते हुए छतरपुर सेवाकेंद्र प्रभारी बीके शैलजा ने कहा कि संगम गौरवपूर्ण वृद्धावस्था और सम्मानित जीवन भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय एवं ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान की एक संयुक्त पहल है जिसका उद्देश्य बुजुर्गों के लिए एक सम्मानजनक और सार्थक जीवन सुनिश्चित करना है। युवा पीढ़ी में बुजुर्गों के प्रति सम्मान और स्नेह की भावना पैदा करना और पीढियों के बीच के अंतर को कम करना इसके साथ ही एक ऐसा वातावरण बनाना जहां बुजुर्ग अपने अनुभव और ज्ञान को नई पीढ़ी को सौंप सके। बुजुर्गों को अकेलेपन, उपेक्षा और मानसिक तनाव से बचाना है। इस अवस्था को वृद्धावस्था नहीं, वरदानी अवस्था कहें और सभी को दुआएं और वरदान दें।इस अवसर पर न्यायाधीश राजेश देवलिया ने कहा कि बुजुर्गों के पास नॉलेज है, हर कार्य का अनुभव है इसलिए घर से निकलिए समाज के कुछ काम आइये क्योंकि यदि घर में ही बने रहेंगे तो बीमारियां पकड़ लेंगी और समय से पहले चले जाएंगे। जो भी वरिष्ठ नागरिक हैं वैसे तो यह बात सभी के लिए है जब भी अवसर मिले सामाजिक कार्यों में अवश्य जाएं उनको छोड़ना नहीं चाहिए। जब हम ऐसे आयोजनों में जाते हैं तो एक दूसरे से विचार सांझा करने का मौका मिलता है हो सकता है वह विचार आपके जीवन में बहुत काम आएं इसलिए सामाजिक कार्यों से जुड़े रहें क्योंकि सामाजिक जुड़ाव ही मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य का आधार है। इस मौके पर छतरपुर डीआईजी विजय कुमार खत्री ने कहा कि हमें सब कुछ बच्चों को नहीं सौंप देना चाहिए अपने को भी आर्थिक रूप से सशक्त रखना चाहिए क्योंकि आर्थिक स्वतंत्रता एक बहुत बड़ी पूंजी है आपके लिए ताकि आपका बचा हुआ जीवन गौरव और सम्मान से व्यतीत हो सके। हम स्वेच्छा से किसी को दान कर सके जरूरतमंदों की सेवा कर सकें हमें किसी से मांगना ना पड़े। कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष अर्चना गुड्डू सिंह ने कहा कि हम सबको संयुक्त परिवार में रहना चाहिए और बड़ों से संबंध अच्छे रखना चाहिए क्योंकि हमारे बच्चे उन्ही के हाथ में सुरक्षित है उन्हीं का संरक्षण बच्चों को संस्कार दे सकता है। इस कार्यक्रम में दर्शना वृद्ध आश्रम संचालिका प्रभा विदु, पत्रकार एवं समाजसेवी सुरेंद्र अग्रवाल, दर्शना महिला समिति राजेश गुप्ता, समाजसेवी शंकर लाल सोनी, प्रकाश चंद्र जैन एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। अंत में सभी ने मिलकर मां लक्ष्मी का आवाहन करते हुए परमात्मा शिव को साक्षी मानकर दीप जलाकर संकल्प लिया कि अपने मन में, समाज में, परिवार में बुजुर्गों के प्रति सम्मान की भावना को जागृत करेंगे और बुजुर्गों के अकेलेपन और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखेंगे। सभी अतिथियों को ईश्वरीय सौगात भेंट की गई तत्पश्चात सभी ने प्रसाद ग्रहण किया।

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