छतरपुर। सटई थाना क्षेत्र के विजयपुर गांव से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ मछली पकडऩे के दौरान जाल निकालने के चक्कर में एक मछुआरे की डूबने से मौत हो गई। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों ने साथी मछुआरे पर लापरवाही बरतने और जानबूझकर जोखिम में डालने के गंभीर आरोप लगाए हैं।जानकारी के मुताबिक सटई थाना क्षेत्र के विजयपुर तालाब में गुरुवार दोपहर को मनोज रैकवार (मछुआरा) अपने साथियों के साथ मछली पकडऩे गया हुआ था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मछली पकडऩे के दौरान जाल तालाब में कहीं फंस गया था। तभी साथी मछुआरे अनवर हुसैन ने मनोज से जाल निकालने को कहा। मनोज तालाब के गहरे पानी में उतरा, लेकिन जाल में उलझने के कारण वह खुद को संभाल नहीं पाया और गहराई में समा गया। मौके पर मौजूद लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद मनोज को बाहर निकाला और तुरंत सटई स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहाँ से उसे छतरपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।परिजनों और साथी के अलग-अलग दावेमृतक के भाई ललतू रैकवार ने आरोप लगाया है कि अनवर हुसैन ने मनोज पर जाल निकालने के लिए दबाव बनाया था, जबकि मनोज को अच्छी तरह तैरना नहीं आता था। भाई का कहना है कि इसी दबाव के चलते मनोज तालाब में कूदा और उसकी जान चली गई। वहीं, दूसरी ओर साथी मछुआरे अनवर हुसैन का दावा है कि मनोज एक कुशल गोताखोर था और उसने खुद ही जाल निकालने की जिम्मेदारी ली थी। अनवर ने बताया कि वह स्वयं मनोज को इलाज के लिए अस्पताल लेकर आया था। सटई पुलिस ने बताया कि मामले की जाँच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट व गवाहों के बयानों के आधार पर सत्यता का पता लगाया जाएगा।










