छतरपुर। मध्य प्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी (एमपीईबी) के छतरपुर वृत्त में कार्यरत अनुबंधित मीटर रीडरों ने स्मार्ट बिजली मीटर लगने के कारण बेरोजगारी की स्थिति पर आक्रोश जताते हुए बड़ा फैसला लिया है। भारतीय मजदूर संघ के जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह बुंदेला ने बताया कि सभी मीटर रीडरों ने अधीक्षण अभियंता छतरपुर को आवेदन सौंपकर सूचना दी है कि मुख्य महाप्रबंधक (मानव संसाधन एवं प्रशासन) के 22 अगस्त 2025 के आदेश के बावजूद उन्हें बाह्य स्रोत पदों पर भर्ती नहीं किया गया है। इस आदेश में स्मार्ट मीटर से बेरोजगार होने वाले अनुभवी मीटर रीडरों को प्राथमिकता देने की बात कही गई थी, लेकिन नए कर्मचारियों की भर्ती जारी है, जबकि पुराने कर्मचारियों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
इससे नाराज सभी मीटर रीडरों ने 25 जनवरी 2026 से वितरण केंद्र पूर्व क्षेत्र कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन धरना देने का निर्णय लिया है। धरना सुबह 10:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक चलेगा, जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं। मांगों में आदेश के विपरीत की गई भर्ती को निरस्त करना और 10-12 वर्षों के अनुभव वाले मीटर रीडरों को प्राथमिकता से रोजगार देना शामिल है।
अधीक्षण अभियंता एसबी सिंह ने कहा कि ये सभी पुराने ठेकाकर्मी हैं, जो कई वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं। कोर्ट में मामला चल रहा था और हाल ही में फैसला आया है, जिसमें उनकी सेवाएं समाप्त कर दी गईं। कंपनी के निर्देशानुसार मार्च के बाद उनके आवेदनों पर कार्रवाई की जाएगी और टेंडर के बाद पदों पर भर्ती होगी। उन्होंने कहा कि आगे की कार्रवाई कंपनी के दिशा-निर्देशों के अनुसार होगी।










