हरपालपुर। नौगांव तहसील क्षेत्र के ग्राम सरसेड़ में बारिश ने भारी तबाही मचाई है। आधा दर्जन से अधिक परिवारों के कच्चे मकानों की छतें और दीवारें ढह गईं, जिससे ग्रामीण खुले आसमान के नीचे जीने को मजबूर हैं। पीडि़त परिवारों ने शासन-प्रशासन से तत्काल मदद की गुहार लगाई है।
ग्राम पंचायत सरसेड़ में पंचू कुशवाहा, बालादीन भदोरिया, फूलचंद्र भदोरिया, कमलेश भदोरिया, काली चरण कोरी, और जितेंद्र सिंह के मकानों की छतें और दीवारें शुक्रवार सुबह ढह गईं। पीडि़तों ने बताया कि दो-तीन दिन की बारिश से पहले छतों से पानी टपकना शुरू हुआ, और शुक्रवार को अचानक मकान गिर गए। गनीमत रही कि हादसे के समय कमरों में कोई मौजूद नहीं था। ग्राम पंचायत परेथा में जगभान अहिरवार, फूलवती राजपूत, हजारी, रामकृपाल, और चतुर्भुज पटेल का कच्चा मकान ढह गया, जिसमें चतुर्भुज घायल हो गए। ग्राम पंचायत गलान में मूलचंद यादव और कराठा पंचायत के पपटुआ गांव में हरिश्चंद्र विश्वकर्मा, कुकरेल गांव में दुग्गन पाल के मकान भी बारिश में ध्वस्त हो गए। पीडि़त परिवार आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं और मकान मरम्मत के लिए संसाधनों का अभाव है। ग्रामीणों का कहना है कि अभी तक कोई प्रशासनिक अधिकारी नुकसान का जायजा लेने नहीं पहुंचा। नौगांव एसडीएम जीएस पटेल ने बताया कि पटवारियों को प्रभावित क्षेत्रों में भेजकर नुकसान का आकलन शुरू कर दिया गया है। प्रशासन ने पीडि़तों को जल्द राहत देने का आश्वासन दिया है।









