
खजुराहो। मध्यप्रदेश शासन संस्कृति विभाग द्वारा स्थापित आदिवर्त जनजातीय लोककला राज्य संग्रहालय खजुराहो में प्रत्येक शनिवार एवं रविवार को नृत्य, नाट्य, गायन एवं वादन पर केन्द्रित समारोह देशज का आयोजन किया जाता रहा है। इसी क्रम में शनिवार 7 दिसम्बर को सायं 6 बजे सुश्री मिशा कुमारी एवं साथी, हरदा द्वारा निमाड़ी लोकगायन की प्रस्तुति दी गई।उल्लेखनीय है कि सुश्री मिशा कुमारी मध्यप्रदेश की एक लोक कलाकार हैं, जिन्होंने आपने देश के कई प्रतिष्ठित मंचों पर लोक गायन की प्रस्तुतिया दी हिंदुस्तान म्यूजिक एवं आर्ट सोसायटी कोलकाता द्वारा आयोजित भारत संस्कृति उत्सव में 11वां राष्ट्रीय एवं 16वां अंतरराष्ट्रीय संगीत प्रतियोगिता ख्याल गायन विधा में प्रथम पुरष्कार विजेता हैं। अगली प्रस्तुति दुर्जन लाल पटेल एवं साथी छतरपुर द्वारा बुन्देली संस्कार गीतों की प्रस्तुति दी। दुर्जनलाल पटेल कई वर्षो से बुन्देली पारंपरिक गीतों की प्रस्तुती देते आ रहे हैं। अंतिम प्रस्तुती सुश्री अभिलाषा पटेल एवं साथी, खजुराहो द्वारा बुन्देली संस्कार गीतों की प्रस्तुति दी गई। सुश्री अभिलाषा पटेल को बचपन से ही पारम्परिक लोक गायकी में रुझान था। इसी को देखते हुए उन्होंने अपनी संगीत की शिक्षा अपने ही छेत्र राजनगर के गुरु शरद पटेल से प्राप्त की आपने गायन के शुरुआत छेत्रीय मंच से की। इसके बाद खजुराहो अंतर्राष्टीय फिल्म महोत्सव के मंच पर, दूरदर्शन भोपाल जैसे मंचो पर अपनी प्रस्तुती निरंतर देती आ रही है।









