तरपुर। जिले की ग्राम पंचायत मौराहा में निर्माणाधीन सागर कानपुर नेशनल फोरलेन पर प्रस्तावित छोटे पुल को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्रामवासियों ने मंगलवार को जनसुनवाई में कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर छोटे पुल की जगह बड़े पुल का निर्माण कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि जिस स्थान पर फोरलेन अधिकारियों द्वारा 10&10 फीट की पुलिया बनाए जाने की योजना है, वही गांव का मुख्य और सबसे व्यस्त आवागमन मार्ग है।ग्रामीणों के अनुसार इसी रास्ते से रोजाना सैकड़ों ग्रामीणों की आवाजाही होती है। यही मार्ग गांव की गौशाला और आसपास के खेतों को जोड़ता है, जहां ट्रैक्टर, ट्रॉली, हार्वेस्टर और चारे से लदे भारी वाहनों का नियमित आवागमन बना रहता है। ऐसे में यदि यहां छोटा पुल बनाया गया तो भारी वाहन निकलना मुश्किल होंगे और आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाएगा।किसान रामसेवक पटेल ने बताया कि प्रस्तावित 10&10 की पुलिया जिसकी ऊंचाई 10 फिट है। गांव से साढ़े 5 हजार लोग खेती-किसानी के लिए आवागमन करते है। खेती के लिए ट्रैक्टर, हार्वेस्टर जैसे बड़े कृषि यंत्र नहीं निकल सकेंगे, जिससे किसानों को भारी परेशानी उठानी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि इसी मार्ग से करीब 70 प्रतिशत किसानों की रोजी-रोटी जुड़ी हुई है। पुल छोटा होने की स्थिति में किसानों को वैकल्पिक लंबे रास्तों का सहारा लेना पड़ेगा, जिससे समय और खर्च दोनों बढ़ेंगे।ग्रामीणों ने आवेदन में यह भी उल्लेख किया है कि बरसात के मौसम में इस क्षेत्र में जलभराव की समस्या रहती है। छोटा पुल बनने से पानी की निकासी बाधित होगी, जिससे सड़क पर जाम, फिसलन और दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ सकती है। ग्रामवासियों का कहना है कि जनहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यहां बड़े पुल का निर्माण बेहद जरूरी है। सरपंच सहित अनेक ग्रामीणों ने आवेदन प्रशासन को सौंपा गया है।










