छतरपुर। शहर में विद्युत विभाग की मनमानी के कारण आम उपभोक्ता इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। बिजली के अधिक बिल आने से परेशान उपभोक्ता बिलों में सुधार कराने के लिए लगातार विभाग के कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन वहाँ पदस्थ वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी उनकी समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि खपत कम होने के बावजूद मनमाने तरीके से बिल भेजे जा रहे हैं और शिकायत दर्ज कराने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है, जिससे उन्हें अपना काम छोड़कर बार-बार विभाग के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।बुधवार को विद्युत विभाग कार्यालय में कई उपभोक्ता अपनी समस्या लेकर पहुँचे। बिजली के मनमाने बिलों से परेशान उपभोक्ताओं में से एक मईयादीन रजक ने बताया कि उनका बिजली का बिल 1200 से 1300 रुपए आ रहा है, जबकि उनके घर में बिजली की खपत बहुत कम है। उन्होंने बताया कि मनमाना बिल आने के बावजूद सुधार कराने के लिए वह कई बार विद्युत विभाग कार्यालय आ चुके हैं, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने अपनी व्यथा बताते हुए कहा कि वह मजदूरी करके अपना जीवन चलाते हैं और अपना काम छोड़कर यहाँ आए थे। इसी तरह, सुरेंद्र कुशवाहा नाम का युवक भी अपने बिल में सुधार के लिए विद्युत विभाग कार्यालय के कई दिनों से चक्कर काट रहा है। शिकायत करने के बाद भी उनके बिलों में सुधार नहीं हो रहा है। उपभोक्ताओं का कहना है कि विद्युत विभाग की इस लापरवाही से सभी उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं, लेकिन वहाँ बैठे वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं, जिससे उनकी शिकायतें लंबित पड़ी हुई हैं।










