छतरपुर। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) ने सोमवार को प्रताप सागर तालाब में संयुक्त रूप से मेगा रेस्क्यू अभ्यास आयोजित किया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य नाव पलटने, सेल्फी लेते समय संतुलन बिगडऩे तथा डूबने जैसी आकस्मिक परिस्थितियों में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करना था। सुबह 10 बजे शुरू हुए इस अभ्यास में दोनों दलों ने लगभग वास्तविक माहौल तैयार कर आपदा स्थितियों का सघन रिहर्सल किया।प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विशेष फोकस रखा गया जिसमें सेल्फी लेने या अन्य कारणों से नाव असंतुलित होने की स्थिति में तुरंत बचाव कार्य शुरू करने की तकनीकों का प्रदर्शन किया गया। पानी में संघर्ष कर रहे व्यक्ति तक सुरक्षित पहुंचने, उसे पकडऩे और किनारे तक लाने की उन्नत तकनीकों का अभ्यास किया गया। पीडि़त को बाहर निकालने के बाद सीपीआर, कृत्रिम श्वास सहित अन्य प्राथमिक उपचार प्रक्रियाओं का चरणबद्ध प्रशिक्षण दिया गया। तालाब क्षेत्र में मौजूद लोगों को आपातकालीन स्थिति में शांत रहने, सुरक्षित दूरी बनाए रखने और रेस्क्यू टीम आने तक सावधानी बरतने के संबंध में समझाइश दी गई।इस संयुक्त अभ्यास से दोनों बलों के बीच तालमेल, संचार और त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता में उल्लेखनीय मजबूती देखने को मिली। अधिकारियों के अनुसार, ऐसी संयुक्त तैयारियाँ वास्तविक आपदा के समय जीवन बचाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।










