वहीं दूसरी ओर जिले के लवकुशनगर में भी ब्रह्माकुमारीज उपसेवा केंद्र ने विश्व बंधुत्व दिवस पर दादी प्रकाशमणि की 18वीं पुण्य तिथि के अवसर पर रक्तदान शिविर आयोजित कर मानवता और सेवा का संदेश दिया। शिविर में युवाओं और समाजसेवियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया, और दर्जनों यूनिट रक्त एकत्र हुआ, जो जरूरतमंदों के लिए जीवन रक्षक बनेगा। कार्यक्रम में छतरपुर से पधारीं ब्रह्माकुमारी रमा दीदी, उपसेवा केंद्र प्रभारी बीके सुलेखा बहन, मुख्य अतिथि सीओ डॉ. हरिश केसरवानी, महाविद्यालय प्राचार्य हरिचरण, डॉ. सुधीर और डॉ. महाप्रसाद उपस्थित रहे। अतिथियों ने अपने संबोधन में रक्तदान को सबसे बड़ा मानव धर्म बताया, जो एक यूनिट रक्त से तीन लोगों का जीवन बचा सकता है। रमा दीदी ने कहा कि रक्तदान जीवनदान है और यह समाज में प्रेम व सहयोग की भावना को मजबूत करता है। बीके सुलेखा बहन ने इसे भाईचारे और जागरूकता का माध्यम बताते हुए सभी रक्तदाताओं का आभार जताया। शिविर में युवाओं, समाजसेवियों और स्थानीय नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। दर्जनों यूनिट रक्त एकत्र हुआ, जिसे जरूरतमंद मरीजों तक पहुंचाया जाएगा। सभी रक्तदाताओं का मुंह मीठा कराकर और प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।









