
लवकुशनगर। अनुविभाग के सात गांवों में विद्युत विभाग की कथित मनमानी के चलते बिजली आपूर्ति पूर्णत: ठप हो गई है। इससे गुस्साए ग्रामीणों ने शुक्रवार को बछौन मार्ग, धर्मपुर तिराहे पर जाम लगा दिया, जिससे दो-तीन घंटे तक आवागमन बाधित रहा। बाद में ग्रामीणों ने लवकुशनगर एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। एसडीएम ने मामले में कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि विद्युत विभाग के लाइनमैन संतोष तिवारी सुविधा शुल्क मांगते हैं और न देने पर उपभोक्ताओं के खिलाफ फर्जी केस बनाते हैं। कृषक चंदन सिंह ने बताया कि भवानीपुर, धर्मपुर, शंकरगढ़, अंधियारी, बारी, बिगपुर और सलैया जैसे गांवों में बिजली बंद होने से पिपरमेंट और सब्जी की खेती सूखने की कगार पर है। पशु भी पानी के अभाव में तड़प रहे हैं। उन्होंने उदाहरण दिया कि मुन्ना सिंह, जिनका बिल जमा है, उनके खिलाफ फर्जी केस बनाया गया। इसी तरह, मोहन अहिरवार ने 2000 जमा कर मीटर लिया, लेकिन लाइनमैन ने मीटर नहीं लगाया और उनके खिलाफ भी फर्जी केस दर्ज किया। चंदन सिंह ने आगे बताया कि सुविधा शुल्क देकर बिजली चोरी करने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं होती, जबकि ईमानदारी से बिल जमा करने वालों को निशाना बनाया जाता है। भीषण गर्मी में लाइनमैन ने ट्रांसफार्मर उतार लिया, जिससे सात गांव अंधेरे में डूब गए। इस प्रतिनिधि ने जब लाइनमैन संतोष तिवारी से फोन पर बात की, तो उन्होंने बताया कि जे.ई. चतुर्वेदी के आदेश पर दो फेज का ट्रांसफार्मर उतारा गया है और वहां तीन फेज का ट्रांसफार्मर लगाया जाएगा। ग्रामीणों की शिकायत पर लवकुशनगर एसडीएम ने त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हुई और दोषियों पर कार्रवाई नहीं की गई, तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे।








