
उपकरणों के साथ देख-रेख के लिए संस्थाओं की हो स्थापना
छतरपुर। पिछले 34 वर्षों से मानसिक विक्षिप्तों की प्राणपण से सेवा करने वाले डॉ. संजय कुमार शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र भेजकर मानसिक विक्षिप्तों के लिए उपकरणों के साथ-साथ नि:शुल्क सेवा करनी वाली संस्थाओं की स्थापना की मांग की है। मानसिक विक्षिप्तों के पुनर्वास के लिए विशेष कार्य करने हेतु डॉ. शर्मा ने पीएम से आग्रह किया है।प्रधानमंत्री को लिखे गए पत्र में छतरपुर निवासी डॉ. संजय कुमार शर्मा ने कहा कि कार्यपालिका एवं न्यायपालिका के सहयोग से वे 34 वर्षों से स्वयं के व्यय से मानसिक विक्षिप्तों को लगातार मानसिक आरोग्य शाला भिजवा रहे हैं उन्होंने पत्र में लिखा है कि अधिकांशत: मंदबुद्धि मानसिक विक्षिप्त बच्चे, महिलाएं, पुरूष रेलवे स्टेशन, बस स्टेण्ड के साथ ही धार्मिक स्थलों में देखे जाते हैं गहराई से जांच में पाया गया है कि विक्षिप्त लोगों के परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण वे लोग ऐसे सदस्यों को घर के बाहर छोड़ देते हैं। इन लोगों की स्थिति सुधारने और उन्हें भी समाज की मुख्य धारा में जोडऩे के प्रयास होने चाहिए। उन्होंने पत्र में लिखा है कि प्रधानमंत्री श्री मोदी हर व्यक्ति की चिंता करते हैं इसलिए मानसिक विक्षिप्तों को नया जीवन देने के सार्थक प्रयास किए जाएं। मानसिक विक्षिप्तों एवं 40 फीसदी से अधिक दिव्यांगजनों को सीनियर सिटीजन की तरह बैंकों में जमा राशि में ब्याज दिया जाएगा तो उनका महत्व बढ़ेगा।









