
छतरपुर। नेशनल डिजिटल हेल्थ मिशन और आभा कार्ड पर व्याख्यानमाला का आयोजन श्री कृष्णा विश्वविद्यालय के सभागार में प्रात: 11 बजे किया गया। इस व्याख्यानमाला में वक्ताओं के रूप में इंजी विभाग के सहायक प्राध्यापक कु. वर्षा यादव और लवकेश त्रिपाठी एवं कार्यक्रम के संयोजक 25 एमपी बटालियन के कर्नल नितिन थापा उपस्थित रहे। मंचासीन अतिथियों ने कार्यक्रम के प्रारंभ में मां सरस्वती के प्रतिमा के सम्मुख दीप प्रज्जवलित किया।मुख्य वक्ता कु. वर्षा यादव ने अपने वक्तव्य में कहा कि आभा कार्ड से जुड़ी जानकारी डिजिटल तौर पर अस्पताल, क्लिनिक और बीमा कंपनियों के साथ शेयर की जा सकती है। आभा कार्ड से डॉक्टर को आपकी सभी मेडिकल जानकारी मिल जाती है, जिससे उन्हें उपचार करने में आसानी होती है। आभा कार्ड से आप अपने मेडिकल रिकॉर्ड को 10 साल के बाद भी देख सकते हैं। आभा कार्ड से आप अपने हेल्थ बीमा पॉलिसी को जोड़ सकते हैंए जिससे कैशलेस अस्पताल में भर्ती होने का लाभ मिलता है। आभा कार्ड से आप पूरे भारत में किसी भी जगह स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं।लवकेश त्रिपाठी ने अपने वक्तव्य में बताया कि आभा कोड कैसे बनाया जाता है। इसमे 14 अंको का एक विशिष्ट कोड होता है। यह स्वास्थय और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी किया जाता है। और आभा कोर्ड की आवश्यकता एवं उससे होने वाले लाभों के बारे में उन्होंने विस्तृत जानकारी दी।यह कार्यक्षम 25 एमपी बटालियन के कर्नल नितिन थापा के द्वारा संपादित किया गया। इस कार्यक्रम में बटालियन के पीआई स्टाफ एवं श्री कृष्णा विश्वविद्यालय के एन सी सी के अधिकारी ले. गौरव शर्मा एवं ले. निशा राजा बुंदेला के साथ अन्य विभागों के प्राध्यापकगण एवं छात्र-छात्राऐं उपस्थित रहे।








