छतरपुर। मंगलवार को कलेक्टर की जनसुनवाई में एक युवक ने ग्राम पंचायत रोजगार सहायक पर प्रधानमंत्री आवास योजना के नाम पर अवैध रूप से पैसे मांगने का गंभीर आरोप लगाया है। पीडि़त रामसेवक, निवासी ग्राम पंचायत पिपट ने शिकायत में बताया कि पंचायत रोजगार सहायक द्वारा आवास सूची से उसका नाम जानबूझकर हटा दिया गया। आरोप है कि रोजगार सहायक ने उससे आवास दिलाने के बदले पैसे मांगे थे, लेकिन राशि न देने पर सर्वे सूची से नाम काट दिया गया। रामसेवक का कहना है कि उसकी पत्नी नेहा पटेल के नाम पर पहले आवास सूची में नाम दर्ज था, लेकिन बाद में उसे हटा दिया गया। पीडि़त ने यह भी आरोप लगाया कि जिन लोगों के पास पहले से मकान और संपत्ति है, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिया जा रहा है, जबकि वास्तविक पात्र हितग्राहियों को वंचित किया जा रहा है। पीडि़त ने कलेक्टर से पूरे मामले की जांच कर पंचायत सचिव के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और पात्रता अनुसार आवास का लाभ दिलाने की मांग की है।










